Urvashi Rautela: मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 के विजेता का ऐलान हो चुका है। केरल की केजिया लिज मेजो ने शानदार प्रदर्शन के बाद यह प्रतिष्ठित ताज अपने नाम किया। अब वह भारत का प्रतिनिधित्व 75वीं मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता में करेंगी। खिताब जीतने के बाद केजिया की चर्चा जहां पूरे देश में हो रही है, वहीं प्रतियोगिता के दौरान उर्वशी रौतेला का आउटफिट भी सुर्खियों में रहा।
ब्यूटी पेजेंट में पहुंचीं पूर्व मिस यूनिवर्स और सेलिना जेटली
बताते चले कि, मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 के ग्रैंड इवेंट में कई जानी-मानी हस्तियां जज और विशेष मेहमान के तौर पर शामिल हुईं। पूर्व मिस यूनिवर्स सुष्मिता सेन, दो बार मिस यूनिवर्स इंडिया रह चुकीं उर्वशी रौतेला और फर्स्ट रनरअप रह चुकीं सेलिना जेटली भी इस खास मौके पर मौजूद रहीं।इस दौरान उर्वशी रौतेला ने सुष्मिता सेन को अपना पहला गुरु बताया। उन्होंने कहा कि सुष्मिता ने ही उन्हें मिस यूनिवर्स इंडिया का ताज पहनाया था और उनके करियर में उनकी खास भूमिका रही है।
उर्वशी रौतेला की तिरंगे से प्रेरित ड्रेस ने खींचा ध्यान
मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 में उर्वशी रौतेला बतौर जज शामिल हुईं। उन्होंने कार्यक्रम के दौरान रैंप वॉक भी किया और मीडिया से बातचीत की। लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा उनके पहनावे की हुई।उर्वशी ने केसरिया, सफेद और हरे रंग से प्रेरित एक ऑफ-शोल्डर गाउन पहना था। ड्रेस के बीच में अशोक चक्र जैसा डिजाइन भी नजर आ रहा था। तिरंगे के रंगों से प्रेरित इस आउटफिट को देखकर कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने सवाल खड़े कर दिए।
तिरंगे वाली ड्रेस को लेकर उर्वशी रौतेला ट्रोल
उर्वशी रौतेला की ड्रेस की तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई। कुछ यूजर्स ने दावा किया कि राष्ट्रीय ध्वज के रंगों और डिजाइन को इस तरह कपड़ों में इस्तेमाल करना भारतीय ध्वज संहिता के नियमों के खिलाफ हो सकता है।एक यूजर ने दावा किया कि भारतीय ध्वज संहिता के तहत तिरंगे की तस्वीर या डिजाइन को कपड़ों, रूमाल, नैपकिन, कुशन या अन्य वस्तुओं पर छापने, सिलने या कढ़ाई करने को लेकर प्रतिबंध हैं।हालांकि, किसी खास ड्रेस पर कानूनी उल्लंघन हुआ है या नहीं, यह उसके वास्तविक डिजाइन, उपयोग और लागू कानूनी प्रावधानों के आधार पर तय होगा।
उर्वशी रौतेला के आउटफिट पर सोशल मीडिया में छिड़ी बहस
सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स ने उर्वशी के आउटफिट को लेकर कड़ी नाराजगी जाहिर की। एक महिला यूजर ने इसे गलत बताते हुए सवाल उठाया कि राष्ट्रीय ध्वज से जुड़े प्रतीकों का इस्तेमाल इस तरह किया जाना कितना उचित है।कुछ अन्य यूजर्स ने इसे तिरंगे का अपमान तक बता दिया। वहीं कुछ लोगों ने कहा कि उर्वशी रौतेला एक बार फिर अपने आउटफिट को लेकर विवाद में घिर गई हैं। हालांकि सोशल मीडिया पर की गई इन टिप्पणियों को यूजर्स की प्रतिक्रियाओं के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।
तिरंगे वाले कपड़े पहनने को लेकर क्या कहता है कानून?
भारत में राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और उसके इस्तेमाल को लेकर कानूनी प्रावधान मौजूद हैं। Prevention of Insults to National Honour Act, 1971 के तहत राष्ट्रीय ध्वज का जानबूझकर अपमान करना दंडनीय अपराध हो सकता है।राष्ट्रीय ध्वज से जुड़े नियमों में उसके सम्मानजनक इस्तेमाल और प्रदर्शन को लेकर कई प्रावधान हैं। इसलिए कपड़ों या अन्य वस्तुओं पर तिरंगे के इस्तेमाल को लेकर भी नियमों को ध्यान में रखना जरूरी है।
तिरंगे के अपमान पर हो सकती है सजा
कानून के तहत राष्ट्रीय ध्वज का जानबूझकर अपमान किए जाने की स्थिति में तीन साल तक की जेल, जुर्माना या दोनों का प्रावधान हो सकता है। हालांकि किसी विशेष मामले में अपराध बनता है या नहीं, यह तथ्यों और संबंधित कानूनी प्रावधानों की व्याख्या पर निर्भर करता है।
केजिया लिज मेजो की जीत और उर्वशी रौतेला का विवाद दोनों चर्चा में
मिस यूनिवर्स इंडिया 2026 का ताज जीतकर केजिया लिज मेजो ने देश का ध्यान अपनी ओर खींचा है। अब वह भारत की ओर से 75वीं मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता में हिस्सा लेंगी। वहीं दूसरी तरफ प्रतियोगिता की जज रहीं उर्वशी रौतेला अपने तिरंगे से प्रेरित गाउन को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। जहां कुछ लोग उनके लुक की तारीफ कर रहे हैं, वहीं कुछ यूजर्स इसे लेकर कानूनी और भावनात्मक सवाल उठा रहे हैं। ऐसे में अब यह मामला सिर्फ फैशन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और सार्वजनिक आयोजनों में उसके प्रतीकों के इस्तेमाल को लेकर भी बहस का विषय बन गया है।










