Manjit Singh Bedi Arrest : FBI Most Wanted Fraudster Manjit Bedi गिरफ्तार, SNAP फ्रॉड में $600,000 की ठगी का आरोप

FBI की Most Wanted Fraudsters सूची में शामिल मनजीत सिंह बेदी को पंजाब पुलिस ने जालंधर में गिरफ्तार कर लिया। अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक उस पर SNAP benefits से कम से कम 6 लाख डॉलर की कथित धोखाधड़ी का आरोप है। बेदी पर अमेरिका से भागकर भारत आने का भी आरोप है।

Fraudster Manjit Bedi

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

सितम्बर 4, 2026

Manjit Singh Bedi Arrest  : पंजाब के जालंधर में पुलिस ने अमेरिका की जांच एजेंसी FBI की मोस्ट वांटेड फ्रॉडस्टर्स सूची में शामिल मनजीत सिंह बेदी को गिरफ्तार किया है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, बेदी पर सरकारी SNAP योजना में कम से कम 6 लाख डॉलर की कथित धोखाधड़ी करने का आरोप है। बताया गया है कि वह अमेरिका से कनाडा के रास्ते भारत पहुंचा था और इसके बाद यहां छिपकर रह रहा था।

पंजाब पुलिस ने सोशल मीडिया पर दी गिरफ्तारी की जानकारी

पंजाब पुलिस के डीजीपी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए मनजीत बेदी की गिरफ्तारी की जानकारी साझा की। उन्होंने जालंधर कमिश्नरेट पुलिस की कार्रवाई को बड़ी सफलता बताया। डीजीपी के मुताबिक, पंजाब पुलिस सीमा पार सक्रिय अपराध नेटवर्क और विदेशों में वांछित आरोपियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है।

FBI की मोस्ट वांटेड फ्रॉडस्टर्स सूची में था नाम

FBI निदेशक काश पटेल ने 3 सितंबर को मनजीत सिंह बेदी को मोस्ट वांटेड फ्रॉडस्टर्स की सूची में शामिल किया था। अमेरिकी एजेंसी के मुताबिक, बेदी पर वर्ष 2024 से 2025 के बीच SNAP फंड में कम से कम 6 लाख डॉलर की कथित हेराफेरी का आरोप है। इस मामले में अमेरिका में उसके खिलाफ संघीय स्तर पर कार्रवाई चल रही थी।

अमेरिका में किराना स्टोर चलाता था बेदी

FBI के अनुसार, मनजीत बेदी अमेरिका के वॉशिंगटन राज्य के टैकोमा में ‘एशियन ग्रॉसरी स्टोर’ नाम से किराना कारोबार चलाता था। आरोप है कि उसने SNAP लाभार्थियों के इलेक्ट्रॉनिक बेनिफिट ट्रांसफर यानी EBT कार्ड का गलत इस्तेमाल किया। कथित तौर पर ग्राहकों को खाद्य सामग्री देने के बजाय कार्ड से राशि काटकर उसके बदले नकद भुगतान किया जाता था।

SNAP फंड को नकदी में बदलने का आरोप

अमेरिकी जांच एजेंसी के मुताबिक, बेदी कथित रूप से EBT कार्ड के जरिए खाद्य सहायता की रकम निकालकर लाभार्थियों को नकदी देता था। आरोप है कि इस लेनदेन से प्राप्त राशि का एक हिस्सा वह खुद रख लेता था। FBI के अनुसार, कथित धोखाधड़ी की गतिविधियां मार्च 2024 से जून 2025 के बीच हुईं।

वायर फ्रॉड समेत कई आरोप लगाए गए

काश पटेल के अनुसार, मनजीत बेदी के खिलाफ वायर फ्रॉड और SNAP लाभ से जुड़ी धोखाधड़ी समेत कई आरोप लगाए गए थे। हालांकि, उस समय उसे अदालत में पेश होने के लिए हिरासत में नहीं लिया गया था। उसे पासपोर्ट जमा करने और वॉशिंगटन राज्य में रहने जैसी शर्तों का पालन करने का निर्देश दिया गया था।

शर्तों का उल्लंघन कर अमेरिका से भागने का आरोप

अमेरिकी अधिकारियों का आरोप है कि बेदी ने अदालत की निर्धारित शर्तों का पालन नहीं किया और देश से बाहर निकलने की योजना बनाई। बताया गया कि उसने पहले अमेरिका-कनाडा सीमा पार की और कनाडा पहुंचने के बाद भारत आ गया। इसके बाद मई 2026 में उसके खिलाफ संघीय गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया।

FBI ने घोषित किया था 1.5 लाख डॉलर का इनाम

मनजीत बेदी की गिरफ्तारी या उसके बारे में जानकारी उपलब्ध कराने के लिए FBI ने 1.5 लाख डॉलर तक के इनाम की घोषणा की थी। भारतीय मुद्रा में यह रकम करीब 1.3 करोड़ रुपये बताई गई। इससे संकेत मिलता है कि अमेरिकी एजेंसियां बेदी को पकड़ने के लिए काफी समय से प्रयासरत थीं।

FBI की कार्रवाई के कुछ घंटे बाद गिरफ्तारी

पंजाब पुलिस के मुताबिक, जालंधर में मनजीत बेदी की गिरफ्तारी FBI की ओर से उसे मोस्ट वांटेड सूची में शामिल किए जाने के कुछ ही घंटे बाद हुई। इस तेज कार्रवाई ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वांछित आरोपियों के खिलाफ पंजाब पुलिस के समन्वय और निगरानी व्यवस्था को चर्चा में ला दिया है।

सीमा पार अपराध नेटवर्क पर पंजाब पुलिस की नजर

डीजीपी ने कहा कि जालंधर कमिश्नरेट पुलिस की यह कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय अपराध नेटवर्क और विदेशों में वांछित आरोपियों पर नजर रखने की रणनीति का हिस्सा है। पंजाब पुलिस का कहना है कि ऐसे आरोपियों के लिए भारत में छिपकर कानून से बचना आसान नहीं होगा। मनजीत बेदी की गिरफ्तारी को इसी अभियान के तहत महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है।

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