JPSC अभ्यर्थियों के लिए बड़ा अपडेट, जून में आएगा प्रीलिम्स रिजल्ट और अगस्त में मेन्स एग्जाम

रांची. झारखंड लोक सेवा आयोग जून माह के पहले या दूसरे सप्ताह में सिविल सेवा संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी कर सकता है। अगस्त माह में इसकी मुख्य परीक्षा आयोजित किए जाने की तैयारी है। आयाेग ने 19 अप्रैल को संपन्न प्रारंभिक परीक्षा में दोनों पत्रों में पूछे गए प्रश्नों का अंतिम मॉडल उत्तर जारी कर दिया है। इसके आधार पर ही प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी किया जाएगा। आयोग ने सामान्य अध्ययन (प्रथम पत्र) एवं सामान्य अध्ययन (द्वितीय पत्र) दोनों का मॉडल उत्तर जारी किया है। पूर्व में जारी मॉडल उत्तर में अभ्यर्थियों की आपत्तियों के बाद आयोग

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Published On :

मई 29, 2026

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रांची.

झारखंड लोक सेवा आयोग जून माह के पहले या दूसरे सप्ताह में सिविल सेवा संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी कर सकता है। अगस्त माह में इसकी मुख्य परीक्षा आयोजित किए जाने की तैयारी है। आयाेग ने 19 अप्रैल को संपन्न प्रारंभिक परीक्षा में दोनों पत्रों में पूछे गए प्रश्नों का अंतिम मॉडल उत्तर जारी कर दिया है। इसके आधार पर ही प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी किया जाएगा।

आयोग ने सामान्य अध्ययन (प्रथम पत्र) एवं सामान्य अध्ययन (द्वितीय पत्र) दोनों का मॉडल उत्तर जारी किया है। पूर्व में जारी मॉडल उत्तर में अभ्यर्थियों की आपत्तियों के बाद आयोग ने पहले प्रश्नपत्र में आयोग ने दो प्रश्नों को ड्राप किया है। वहीं, एक प्रश्न में दो विकल्प सही पाए गए हैं। इनमें सभी अभ्यर्थियों को समान अंक दिए जाएंगे। दूसरे प्रश्नपत्र में इस तरह की कोई गड़बड़ी नहीं है। इससे पहले आयोग ने दोनों प्रश्न पत्रों का मॉडल उत्तर जारी करते हुए उनपर अभ्यर्थियों से 20 अप्रैल से 24 अप्रैल तक आपत्तियां मांगी थीं।

निर्धारित तिथि तक अभ्यर्थियों से प्राप्त आपत्तियों पर आयोग द्वारा विषय-विशेषज्ञों के समीक्षा के बाद अंतिम माडल उत्तर प्रकाशित किया गया। प्रारंभिक परीक्षा के माध्यम से कुल विज्ञापित पदों के 15 गुना अभ्यर्थियों का चयन मेधा सूची के आधार पर मुख्य परीक्षा में सम्मिलित होने के लिए किया जाएगा। यह मेधा सूची दोनों पत्रों के प्राप्तांकों के योग के आधार पर तय की जाएगी। हालांकि प्रारंभिक परीक्षा में न्यूनतम 40 प्रतिशत अंक लाना अनिवार्य होगा।

अनुसूचित जाति तथा अनुसूचित जनजाति के लिए आवश्यक अंक 32 प्रतिशत, अत्यंत पिछड़ा वर्ग के लिए 34 प्रतिशत तथा पिछड़ा वर्ग के लिए 36.5 प्रतिशत निर्धारित है। अंतिम परिणाम मुख्य परीक्षा तथा साक्षात्कार के अंकों के आधार पर किया जाएगा।

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