Kainchi Dham: उत्तराखंड के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल कैंची धाम में लगातार उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए पुलिस की विशेष यातायात व्यवस्था का असर दिखाई देने लगा है।अल्मोड़ा-हल्द्वानी हाईवे पर यातायात को सुचारु बनाए रखने के लिए लागू किए गए विशेष प्लान के बाद जहां सड़क पर वाहनों का दबाव कम रहा, वहीं कैंची धाम में भी पिछले दिनों के मुकाबले श्रद्धालुओं की भीड़ सीमित दिखाई दी।
यात्रियों और पर्यटकों को मिली राहत

बताते चले कि, फिल्म हनुमान अंश के रिलीज के बाद से श्रद्धालुओं की भारी संख्या में भीड़ कैंची धाम पर पहुंच रही है. जिसको देखते हुए प्रशासन ने यातायात व्यवस्था का प्लान तैयार किया है. दोपहर साढ़े 12 बजे तक करीब 7,500 श्रद्धालु बाबा नीम करौली महाराज के दर्शन कर चुके थे। पुलिस अधिकारियों और सुरक्षा कर्मियों की तैनाती के बीच श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से आश्रम तक पहुंचाया गया। यातायात व्यवस्था सामान्य रहने से हाईवे से गुजरने वाले यात्रियों और पर्यटकों को भी राहत मिली।
अल्मोड़ा-हल्द्वानी हाईवे पर ट्रैफिक व्यवस्था सामान्य
आपको बता दे कि, कैंची धाम में वीकेंड के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने से पिछले दिनों अल्मोड़ा-हल्द्वानी हाईवे पर यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई थी। कई स्थानों पर जाम जैसी स्थिति बनने से स्थानीय लोगों, पर्यटकों और दूसरे यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ा था। इसी को देखते हुए पुलिस ने इस वीकेंड के लिए विशेष यातायात योजना लागू की।
शनिवार को योजना के तहत वाहनों की आवाजाही को व्यवस्थित किया गया। श्रद्धालुओं को भवाली से शटल सेवा के माध्यम से कैंची धाम पहुंचाया गया, जिससे आश्रम के आसपास वाहनों का दबाव कम रखने में मदद मिली। हाईवे पर यातायात सामान्य रहने से पुलिस को भी व्यवस्था संभालने में राहत मिली।
सुरक्षा और यातायात प्रबंधन के लिए बढ़ाई गई निगरानी

विशेष यातायात प्लान के तहत कैंची धाम क्षेत्र में पुलिस के कई वरिष्ठ अधिकारी सुबह से ही तैनात रहे। इसके साथ ही पहली बार क्विक रिस्पांस टीम यानी क्यूआरटी के जवानों की भी तैनाती की गई। पुलिस की टीमें श्रद्धालुओं की आवाजाही, सुरक्षा और यातायात व्यवस्था पर नजर रखती रहीं। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य वीकेंड पर उमड़ने वाली भीड़ के बीच किसी भी तरह की अव्यवस्था को रोकना और हाईवे पर सुचारु आवाजाही बनाए रखना रहा। शटल सेवा और पुलिस की निगरानी के चलते श्रद्धालुओं को आश्रम तक पहुंचाने की व्यवस्था व्यवस्थित बनी रही।
कैंची धाम में भीड़ कम होने से हाईवे के बाजारों में पसरा सन्नाटा
कैंची धाम आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या और उनकी आवाजाही का असर हाईवे किनारे स्थित बाजारों में भी दिखाई दिया। कैंची धाम से आगे श्रद्धालुओं के नहीं रुकने और सीधे वापस लौटने के कारण गरमपानी, खैरना, पातली भुजान और रातीघाट समेत कई बाजारों में अपेक्षाकृत कम चहल-पहल रही। इन बाजारों में धार्मिक पर्यटन और श्रद्धालुओं की आवाजाही से स्थानीय दुकानदारों को कारोबार की उम्मीद रहती है। लेकिन विशेष यातायात व्यवस्था के बाद बाजारों में सन्नाटा रहने से व्यापारियों के सामने कम बिक्री की समस्या खड़ी हो गई है।
कैंची धाम के आसपास व्यापारियों की बढ़ी चिंता
व्यापारी नेता मनीष तिवारी ने लगातार प्रभावित हो रहे कारोबार पर चिंता जताई। उनका कहना है कि बाजारों में ग्राहकों की कमी के कारण व्यापारियों की आर्थिक स्थिति बिगड़ती जा रही है। स्थिति ऐसी हो रही है कि कुछ व्यापारियों के लिए बैंक की किस्त तक चुकाना मुश्किल हो रहा है।

कैंची धाम क्षेत्र में यातायात जाम से राहत मिलने के बावजूद आसपास के बाजारों में कारोबार कम होने का मुद्दा सामने आया है। ऐसे में यातायात प्रबंधन के साथ स्थानीय व्यापार को बनाए रखने के बीच संतुलन बनाना भी अहम हो गया है। आने वाले वीकेंड पर श्रद्धालुओं की संख्या, यातायात व्यवस्था और बाजारों की गतिविधियों पर सभी की नजर रहेगी।










