Swine Flu: देश के कई हिस्सों में मौसमी इन्फ्लुएंजा के मामले बढ़ने की खबरें सामने आ रही हैं। खासतौर पर राजधानी दिल्ली में Influenza A (H1N1), जिसे आमतौर पर स्वाइन फ्लू कहा जाता है, के मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है। बदलते मौसम और मानसून के बीच बढ़ते संक्रमण ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। ऐसे में यह जानना जरूरी है कि H1N1 आखिर तेजी से क्यों फैलता है और इससे बचाव के लिए किन सावधानियों को अपनाना चाहिए।
H1N1 Swine Flu क्यों फैल रहा है?
बताते चले कि, स्वाइन फ्लू एक वायरल संक्रमण है, जो संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने या बातचीत के दौरान निकलने वाली सांस की बूंदों के संपर्क में आने से फैल सकता है। संक्रमित व्यक्ति के बेहद करीब रहने से भी संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। दिल्ली में मानसून और बदलते मौसम के दौरान वायरल संक्रमण के लिए परिस्थितियां अनुकूल हो सकती हैं। इसके अलावा बाजार, स्कूल, ऑफिस, मॉल और अन्य भीड़भाड़ वाली जगहों पर लोगों की अधिक आवाजाही संक्रमण फैलने की वजह बन सकती है।
Swine Flu से बचाव के लिए कौन-सा मास्क पहनें?
आपको बता दे कि, H1N1 संक्रमण से बचाव को लेकर सबसे बड़ा सवाल मास्क को लेकर है। विशेषज्ञों के मुताबिक, अच्छी फिटिंग वाला N95 मास्क भीड़भाड़ वाली जगहों पर बेहतर विकल्प हो सकता है। खासकर अस्पताल जाने, फ्लू के मरीज के संपर्क में आने या ज्यादा भीड़ वाली जगहों पर रहने की स्थिति में सही तरीके से पहना गया N95 मास्क सुरक्षा में मदद कर सकता है। N95 मास्क चेहरे पर अच्छी तरह फिट होकर हवा में मौजूद सूक्ष्म कणों को फिल्टर करने के लिए डिजाइन किया गया है।
H1N1 Infection में N95 Mask क्यों माना जाता है बेहतर?
दिल्ली मेडिकल एसोसिएशन की ओर से भी फ्लू जैसे लक्षण होने पर N95 मास्क पहनने की सलाह दी गई है। हालांकि, केवल मास्क पहनना ही संक्रमण से पूरी तरह बचाव की गारंटी नहीं है। मास्क को नाक और मुंह दोनों को ढकते हुए सही तरीके से पहनना जरूरी है। साथ ही, मास्क को बार-बार हाथ लगाने और गंदे हाथों से चेहरे को छूने से भी बचना चाहिए।
Swine Flu Prevention के लिए हाथों की सफाई बेहद जरूरी
H1N1 से बचाव के लिए मास्क के साथ व्यक्तिगत स्वच्छता का ध्यान रखना भी बेहद जरूरी है। हाथों को साबुन और पानी से नियमित रूप से धोते रहें। खांसते या छींकते समय टिश्यू, रुमाल या अपनी कोहनी का इस्तेमाल कर मुंह और नाक को ढकें। इस्तेमाल किए गए टिश्यू को तुरंत कूड़ेदान में डालें। गंदे हाथों से आंख, नाक और मुंह को छूने से बचना भी संक्रमण के जोखिम को कम करने में मदद कर सकता है।
Flu Symptoms दिखें तो भीड़ से दूरी बनाएं
अगर किसी व्यक्ति में फ्लू जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हैं, तो उसे भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचना चाहिए। घर पर आराम करना और दूसरों से उचित दूरी बनाए रखना संक्रमण के प्रसार को रोकने में मदद कर सकता है। तेज या लगातार बुखार, सांस लेने में परेशानी, सीने में दर्द और अत्यधिक कमजोरी जैसे लक्षण दिखाई देने पर इन्हें नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए।
H1N1 Symptoms में खुद से दवा लेना पड़ सकता है भारी
स्वाइन फ्लू के लक्षण सामने आने पर खुद से एंटीबायोटिक या एंटीवायरल दवा शुरू करना सही नहीं है। कौन-सी दवा और किस स्थिति में दी जानी है, इसका फैसला डॉक्टर मरीज की स्थिति के आधार पर करते हैं। खासकर लक्षण गंभीर होने, लगातार बिगड़ने या सांस से जुड़ी परेशानी होने पर जल्द चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है। मास्क, हाथों की सफाई, खांसी-छींक की सही आदत और भीड़ से दूरी जैसे कदम H1N1 समेत श्वसन संक्रमणों के प्रसार को कम करने में मदद कर सकते हैं।










