
Gold Price Today: भारतीय सर्राफा बाजार में सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिल रही है। चालू वर्ष में अपने सर्वकालिक उच्च स्तर (All-Time High) को छूने के बाद सोना अब 18% तक सस्ता हो चुका है। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के अनुसार, 30 जनवरी 2026 को 24 कैरेट शुद्ध सोने की कीमत ₹1,76,121 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गई थी। वहीं, 5 नवंबर को बाजार बंद होने तक इसका भाव घटकर ₹1,44,129 प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। इस प्रकार कीमतें सीधे तौर पर 18.16% नीचे आ चुकी हैं।
कीमतों में इस नरमी और त्योहारों व धनतेरस के मौसम को देखते हुए, निवेशकों के मन में यह सवाल उठ रहा है कि क्या सोने में दांव लगाने का यह सही समय है?
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सोने का ऐतिहासिक प्रदर्शन: 30 सालों में 28 गुना का रिटर्न

लंबी अवधि में सोने ने निवेशकों को लगातार बेहतरीन रिटर्न दिया है। पिछले 30 वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो सोने की कीमत लगभग 28.26 गुना बढ़ चुकी है। वर्ष 1996 में धनतेरस के अवसर पर 10 ग्राम सोने का भाव करीब ₹5,100 था। उस समय ₹10,000 में लगभग 1.96 ग्राम सोना खरीदा जा सकता था। यदि किसी निवेशक ने 1996 में ₹10,000 का निवेश किया होता, तो आज उसका मूल्य बढ़कर ₹2,82,606 हो चुका होता। नवंबर 2023 में सोना ₹60,240 प्रति 10 ग्राम था, जो 3 वर्षों में 139.26% बढ़कर दोगुने से अधिक हो चुका है। इस दौरान सालाना औसत वृद्धि (CAGR) 33.75% रही।
अक्टूबर 2024 में सोने का भाव ₹78,745 था। दो वर्षों में इसमें 83.03% की जबरदस्त वृद्धि दर्ज की गई, जो प्रति वर्ष औसतन 35.29% CAGR की रफ्तार को दर्शाती है। अक्टूबर 2025 में सोने की कीमत ₹1,29,584 थी, जो अब ₹1,44,129 पर है। यानी पिछले 1 साल में निवेशकों को 11.22% का सीधा लाभ मिला है।
धनतेरस 2027 के लिए क्या है एक्सपर्ट्स की राय?

बाजार विश्लेषकों और ब्रोकरेज फर्म्स का मानना है कि वर्तमान गिरावट लंबी अवधि के निवेशकों के लिए खरीदारी का बेहतर अवसर हो सकती है।
एक्सिस सिक्योरिटीज के अनुसार, निचले स्तरों से धनतेरस 2027 तक सोने में 20% से 25% की मजबूत रिकवरी देखने को मिल सकती है। इसके प्रभाव से घरेलू बाजार में 10 ग्राम सोने की कीमतें ₹1.65 लाख से ₹1.71 लाख के स्तर तक पुन: पहुंच सकती हैं।
ग्लोबल ब्रोकरेज (J.P. Morgan & Goldman Sachs): वैश्विक वित्तीय संस्थानों का अनुमान है कि जारी भू-राजनीतिक अनिश्चितता (Geopolitical Risks) और दुनिया भर के केंद्रीय बैंकों द्वारा सोने की लगातार खरीदारी के चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना $6,300 प्रति औंस के स्तर को छू सकता है। इसका सीधा असर भारतीय बाजारों में भी बड़ी तेजी के रूप में दिखेगा।
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