Delhi News: दिल्ली के जनकपुरी इलाके में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां बाइक सवार युवक की मौत सड़क पर बने गहरे गड्ढे में गिरने से हो गई। मृतक की पहचान कमल के रूप में हुई है, जो कैलाशपुरी का रहने वाला था। जानकारी के मुताबिक, कमल रात में रोहिणी स्थित अपने दफ्तर से घर लौट रहा था। रास्ते में वह लगातार घरवालों से फोन पर बात कर रहा था, लेकिन देर रात तक घर न पहुंचने पर परिजन चिंतित हो गए।
Delhi: दिल्ली में लापता लोगों का भयावह आंकड़ा, 36 दिनों में 2,475 गुम, परिजन परेशान
परिजनों की रातभर तलाश
कमल के घर न लौटने पर परिवार ने उसकी तलाश शुरू की। परिजन दर्जन भर थानों के चक्कर लगाते रहे, लेकिन कहीं से कोई जानकारी नहीं मिली। पूरी रात बेचैनी और चिंता में गुजारने के बाद आखिरकार सुबह करीब 7 बजे पुलिस का फोन आया, जिसने इस हादसे का खुलासा किया।
गड्ढे में बाइक समेत मिला शव
पुलिस की सूचना पर जब परिजन मौके पर पहुंचे तो देखा कि कमल अपनी बाइक के साथ एक गहरे गड्ढे में गिरा हुआ था। बताया जा रहा है कि उस जगह पर दिल्ली जल बोर्ड का काम चल रहा था और सड़क पर गड्ढा खोदा गया था। आशंका है कि अंधेरे में गड्ढा नजर न आने के कारण कमल बाइक सहित उसमें गिर गया और बाहर नहीं निकल सका।
दोस्त ने जताई हत्या की आशंका
कमल के दोस्त ने आरोप लगाया कि पुलिस ने समय पर रिपोर्ट दर्ज नहीं की और न ही तुरंत तलाश शुरू की। उनका कहना है कि दबाव बनाने के बाद ही लोकेशन ट्रेस की गई। उन्होंने बताया कि रात में गड्ढे पर बैरिकेड्स नहीं थे, जबकि दूसरी तरफ बैरिकेड लगे हुए थे। दोस्त ने शक जताया कि यह सिर्फ हादसा नहीं बल्कि हत्या भी हो सकती है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
इस मामले पर आम आदमी पार्टी के दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “सड़क में गहरे गड्ढे में एक मासूम बाइक सवार गिर कर फंस गया, रात भर पड़ा रहा और मर गया। नोएडा की घटना से दिल्ली की भाजपा सरकार ने कुछ नहीं सीखा। बस रोज झूठ बोला जाता है।” उनके बयान ने इस घटना को राजनीतिक रंग दे दिया है और सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं।
कैबिनेट मंत्री का बयान
यह हादसा कैबिनेट मंत्री आशीष सूद के विधानसभा क्षेत्र में हुआ है। मंत्री ने कहा कि बैरिकेड्स लगे हुए थे और घटना की जांच की जा रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि अगर जांच में ठेकेदार या जल बोर्ड के अधिकारियों की लापरवाही सामने आती है तो किसी को भी नहीं छोड़ा जाएगा। उन्होंने इस घटना को दुखद बताया और कहा कि फिलहाल जांच पूरी होने तक ज्यादा जानकारी साझा नहीं की जा सकती।
पुलिस की सफाई
पुलिस ने बताया कि रात करीब 12 बजे जनकपुरी थाने को सूचना मिली थी। इसके बाद मोबाइल सर्विलांस के जरिए कमल की लोकेशन ट्रैक की गई, जो जनकपुरी के पास के टावर से मिली। पुलिस टीमों ने तलाश शुरू की और कमल को दिल्ली जल बोर्ड के गड्ढे में पाया। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस अब जांच कर रही है कि यह हादसा कैसे हुआ और इसमें किसकी लापरवाही रही।










