कोर्ट ने बढ़ाई अमिताभ बच्चन की मुश्किलें, नागदा विवाद पर CIS में केस और थाने से मांगी रिपोर्ट

नागदा  सोनी चैनल पर 23 दिसंबर 2025 को प्रसारित ‘कौन बनेगा करोड़पति’ कार्यक्रम में नागदा को लेकर की गई टिप्पणी पर विवाद खड़ा हो गया है। शो के होस्ट और सुपरस्टार अमिताभ बच्चन द्वारा नागदा को पानी की समस्या से जूझ रहा छोटा सा गांव बताए जाने पर स्थानीय स्तर पर आपत्ति दर्ज कराई गई है। इस मामले में नागदा के ज्यूडिशयल मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास (JMFC) न्यायालय में परिवाद दायर किया गया है। न्यायालय ने परिवाद स्वीकार करते हुए प्रकरण सीआईएस (Case Information System) में दर्ज करने और संबंधित थाने को प्रतिवेदन (रिपोर्ट) प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। दरअसल

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Published On :

फ़रवरी 21, 2026

नागदा 

सोनी चैनल पर 23 दिसंबर 2025 को प्रसारित ‘कौन बनेगा करोड़पति’ कार्यक्रम में नागदा को लेकर की गई टिप्पणी पर विवाद खड़ा हो गया है। शो के होस्ट और सुपरस्टार अमिताभ बच्चन द्वारा नागदा को पानी की समस्या से जूझ रहा छोटा सा गांव बताए जाने पर स्थानीय स्तर पर आपत्ति दर्ज कराई गई है।

इस मामले में नागदा के ज्यूडिशयल मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास (JMFC) न्यायालय में परिवाद दायर किया गया है। न्यायालय ने परिवाद स्वीकार करते हुए प्रकरण सीआईएस (Case Information System) में दर्ज करने और संबंधित थाने को प्रतिवेदन (रिपोर्ट) प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। दरअसल किसी भी सिविल या क्रिमिनल केस को अदालत में दाखिल करने पर CIS में रजिस्टर किया जाता है। इसके बाद पिटीशन को कोर्ट द्वारा एक्स्पेट करना माना जाता है। मामले की अगली सुनवाई 9 अप्रैल को निर्धारित की गई है।

सोनी पिक्चर्स नेटवर्क के सीईओ भी बनाए गए पक्षकार

स्थानीय निवासी और अधिवक्ता लक्ष्मण सुंदरा ने अमिताभ बच्चन के साथ-साथ सोनी पिक्चर्स नेटवर्क के सीईओ गौरव बैनर्जी के खिलाफ भी अपराध पंजीबद्ध करने की मांग को लेकर न्यायालय में आवेदन प्रस्तुत किया है। अब न्यायालय में अगली सुनवाई के बाद मामले में आगे की कार्रवाई तय होगी।

शहर की छवि धूमिल करने का आरोप

प्रकरण की पैरवी कर रहे अधिवक्ता राजेश मंडवारिया (आलोट) और दीपमाला अवाना (नागदा) ने कहा कि इतने बड़े राष्ट्रीय कार्यक्रम में नागदा शहर के बारे में भ्रामक जानकारी दी गई, जिससे शहर की छवि प्रभावित हुई है। अधिवक्ता जैना श्रीमाल के अनुसार कार्यक्रम में नागदा को छोटा गांव और पानी संकटग्रस्त बताया गया, जबकि यह तथ्यात्मक रूप से गलत है।

नागदा की पहचान

परिवाद में उल्लेख किया गया है कि नागदा मालवा क्षेत्र का प्रमुख रेलवे जंक्शन है, जिसकी आबादी डेढ़ लाख से अधिक है। यह एक औद्योगिक नगर के रूप में विकसित है। साथ ही आवेदन में यह भी कहा गया है कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान तीन बार नागदा को जिला बनाने की घोषणा कर चुके हैं।

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