
UP News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को शारदीय नवरात्र की महानवमी पर मां सिद्धिदात्री की आराधना की और प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दी। इस मौके पर उन्होंने ‘संकल्प से सिद्धि’ तक नए भारत के नए उत्तर प्रदेश की विकास यात्रा का जिक्र किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मां सिद्धिदात्री की कृपा से प्रदेश में सुख, समृद्धि और खुशहाली बढ़े। सीएम योगी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा कि मां सिद्धिदात्री सभी सिद्धियों, सुख-समृद्धि और मनोकामनाओं को पूरा करने वाली हैं। उनके आशीर्वाद से उत्तर प्रदेश की नारीशक्ति अपने सामर्थ्य, संकल्प और आत्मविश्वास के दम पर प्रदेश की तरक्की में अहम भूमिका निभा रही है।
सीएम योगी ने बताया नारी सम्मान का महत्व

बताते चले कि, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नारी शक्ति की महत्ता बताते हुए संस्कृत के श्लोक ‘यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवताः’ का जिक्र किया। इसका अर्थ है कि जहां महिलाओं का सम्मान होता है, वहां देवताओं का वास होता है और सुख-समृद्धि बनी रहती है। सीएम योगी ने महिला सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन को प्रदेश के विकास से जोड़ते हुए कहा कि महिलाओं की भागीदारी से समाज और अर्थव्यवस्था दोनों मजबूत होते हैं। सरकार की ओर से महिलाओं को सुरक्षित माहौल देने और उन्हें आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराने के प्रयासों का भी उन्होंने उल्लेख किया।
2017 से पहले की कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल
मुख्यमंत्री ने अपनी पोस्ट में पिछली सरकारों के कार्यकाल का जिक्र करते हुए कहा कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश में अराजकता और अपराध की समस्या गंभीर थी। उनके मुताबिक, गुंडे, माफिया और उपद्रवी प्रभावशाली थे और प्रदेश में दंगों की घटनाएं होती थीं। त्योहारों से पहले तनाव का माहौल बनने की बात कहते हुए उन्होंने दावा किया कि कई अभिभावक अपनी बेटियों के सुरक्षित भविष्य को लेकर चिंतित रहते थे।
सीएम योगी ने कहा कि 2017 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेश की डबल इंजन सरकार ने अपराध और अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई। उनके अनुसार, कानून का शासन मजबूत करने और प्रदेश को उपद्रव से निकालकर उत्सवों के लिए सुरक्षित माहौल बनाने पर जोर दिया गया।
उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था और निवेश में बढ़ोतरी का दावा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश की आर्थिक स्थिति में बदलाव आया है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश की जीएसडीपी, प्रति व्यक्ति आय, बजट और महिला श्रम बल भागीदारी में करीब तीन गुना बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश लगातार राजस्व अधिशेष वाला राज्य बना हुआ है।
सीएम योगी के मुताबिक, प्रदेश को 50 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। बड़े कारखानों की संख्या करीब 14 हजार से बढ़कर 35 हजार हो गई है। निवेश से 65 लाख से ज्यादा युवाओं को रोजगार मिलने का दावा भी उन्होंने किया। साथ ही, रक्षा औद्योगिक गलियारे के जरिए रक्षा उत्पादन में देश को आत्मनिर्भर बनाने में उत्तर प्रदेश की भूमिका पर जोर दिया।
एक्सप्रेसवे, सरकारी नौकरियां और स्टार्टअप से विकास को रफ्तार

मुख्यमंत्री ने बुनियादी ढांचे और रोजगार के क्षेत्र में हुई प्रगति का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि देश के कुल एक्सप्रेसवे नेटवर्क का करीब 60 प्रतिशत हिस्सा उत्तर प्रदेश में है। प्रदेश की कृषि विकास दर में भी बढ़ोतरी हुई है और यह 8 प्रतिशत से बढ़कर 18 प्रतिशत तक पहुंची है। सीएम योगी ने कहा कि निष्पक्ष और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के जरिए युवाओं को साढ़े नौ लाख सरकारी नौकरियां दी गई हैं। वहीं, स्टार्टअप की संख्या 120 से बढ़कर 24 हजार से ज्यादा होने का दावा किया। उन्होंने यह भी कहा कि एमएसएमई क्षेत्र को दोबारा मजबूत करने से तीन करोड़ से अधिक रोजगार के अवसर पैदा हुए हैं।
मुख्यमंत्री ने इन उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश अब बीमारू राज्य की पुरानी छवि से बाहर निकलकर देश की अर्थव्यवस्था का ग्रोथ इंजन बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। हालांकि, इन आंकड़ों का आकलन करते समय संबंधित सरकारी आंकड़ों और आधिकारिक रिपोर्टों से उनका मिलान करना जरूरी है।











