CM योगी का बड़ा दावा: यूपी में 7 महीने के लिए पर्याप्त चीनी, अक्टूबर में होगा 90 लाख टन उत्पादन

लखनऊ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में चीनी की कमी की खबरों को खारिज करते हुए कहा कि यूपी में पर्याप्त मात्रा में चीनी उपलब्ध है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश के पास फिलहाल 28 लाख टन चीनी का स्टॉक है, जो करीब सात महीने के लिए पर्याप्त है। यूपी में एक महीने में चीनी की 4 लाख टन खपत होती है। सीएम ने कहा कि यूपी न सिर्फ अपनी जरूरत पूरी करने में सक्षम है, बल्कि पूरे देश को चीनी उपलब्ध करा सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि अक्टूबर में जब फिर से चीनी मिलें

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Published On :

अगस्त 25, 2026

लखनऊ
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में चीनी की कमी की खबरों को खारिज करते हुए कहा कि यूपी में पर्याप्त मात्रा में चीनी उपलब्ध है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश के पास फिलहाल 28 लाख टन चीनी का स्टॉक है, जो करीब सात महीने के लिए पर्याप्त है। यूपी में एक महीने में चीनी की 4 लाख टन खपत होती है। सीएम ने कहा कि यूपी न सिर्फ अपनी जरूरत पूरी करने में सक्षम है, बल्कि पूरे देश को चीनी उपलब्ध करा सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि अक्टूबर में जब फिर से चीनी मिलें चालू होंगी तो करीब 90 लाख टन चीनी का और उत्पादन होगा सीएम योगी मंगलवार को नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। देश के अलग-अलग हिस्सों में चीनी की बढ़ती कीमतों और संभावित संकट की चर्चाओं के बीच सीएम का यह बयान आया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में चीनी की कोई कमी नहीं है और लोगों को किसी तरह की चिंता करने की जरूरत नहीं है।

छह महीने में एक लाख युवाओं को नियुक्ति पत्र
मुख्यमंत्री ने कृषि विभाग के 3446 प्राविधिक सहायक (ग्रुप-सी) और मंडी परिषद के 126 नवनियुक्त मंडी सचिवों को नियुक्ति पत्र दिए। उन्होने युवाओं के लिए बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि अगले छह महीने में एक लाख युवाओं को सरकारी नियुक्ति पत्र दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि अलग-अलग चरणों में हर सप्ताह नियुक्ति पत्र उपलब्ध कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। सीएम योगी ने कहा कि उनकी सरकार के कार्यकाल में अब तक 9 लाख 30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दी जा चुकी है। उन्होंने दावा किया कि इन नियुक्तियों में पारदर्शिता बरती गई है और किसी नियुक्ति पर सवाल खड़ा नहीं किया जा सकता।

पुरानी सरकारों पर साधा निशाना
योगी आदित्यनाथ ने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि 2017 से पहले भर्ती प्रक्रिया में युवाओं को परेशानियों का सामना करना पड़ता था। उन्होंने आरोप लगाया कि भर्ती का विज्ञापन निकलने के बाद कथित तौर पर वसूली का खेल शुरू हो जाता था और भर्ती प्रक्रिया लंबे समय तक अटकी रहती थी। कई मामलों में न्यायालय को हस्तक्षेप करना पड़ता था। उनकी सरकार में योग्य अभ्यर्थियों का बिना भेदभाव चयन किया जा रहा है। इससे युवाओं की प्रतिभा और ऊर्जा का लाभ पूरे प्रदेश को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया उनकी सरकार की प्रमुख उपलब्धियों में शामिल है।

नकल माफिया पर कार्रवाई का दावा
सीएम योगी ने कहा कि भर्ती में देरी या अनियमितता के लिए युवाओं को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। उनके मुताबिक, पहले आयोगों, बोर्डों और सरकारी तंत्र में बैठे भ्रष्ट लोगों के कारण युवाओं को परेशानी होती थी। उन्होंने कहा कि सरकार ने अपराध और अपराधियों के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। उन्होंने कहा कि नकल माफिया और विभिन्न संस्थानों में सक्रिय माफिया के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की गई है। सरकार का लक्ष्य है कि युवाओं को निष्पक्ष और पारदर्शी व्यवस्था में उनकी योग्यता के आधार पर रोजगार के अवसर मिलें।