UP News: ‘बटेंगे नहीं तो कटेंगे भी नहीं’, योगी के बयान से यूपी की सियासत गरमाई

बीजेपी कार्यसमिति की बैठक में सीएम योगी आदित्यनाथ ने 'बटेंगे नहीं तो कटेंगे भी नहीं' का संदेश दिया। उन्होंने सपा-कांग्रेस पर निशाना साधने के साथ कार्यकर्ताओं को बूथ स्तर पर सरकार की उपलब्धियां पहुंचाने का निर्देश दिया। वहीं, SIR को लेकर 4.5 लाख युवाओं के नाम जुड़वाने पर भी जोर दिया।

योगी के बयान से यूपी की सियासत गरमाई

Wrriten By :

Neha Mishra

Published On :

अक्टूबर 31, 2026

Advertisements
728x90-Pension-Mission-Shakti-Digital

UP News: यूपी में विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच सीएम योगी सक्रिय नजर आ रहे हैं, योगी आदित्यनाथ ने भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में कार्यकर्ताओं को एकजुट रहने का संदेश देते हुए बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि समाज को जाति के नाम पर बांटने की कोशिश करने वालों से सतर्क रहने की जरूरत है। सीएम योगी ने आगे कहा कि, ‘बटेंगे नहीं तो कटेंगे भी नहीं।’ उन्होंने कार्यकर्ताओं से सरकार की उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाने और संगठन को बूथ स्तर पर मजबूत करने का आह्वान किया।

UP Election 2027 : मुस्लिमों का असली रहनुमा कौन? सपा, ओवैसी और

जाति के नाम पर समाज को बांटने वालों से सावधान रहें

आपको बता दें कि, लखनऊ में आयोजित बैठक में सीएम योगी ने कहा कि विंखंडन की राजनीति करने वाले लोग समाज को बांटने में विश्वास रखते हैं। जब समाज बंटता है, तभी ऐसी तांकतों तो अपने उद्देश्य में सफल होने का अवसर मिलता है। इसलिए कार्यकर्ताओं को सामाजिक एकता बनाए रखने के लिए लगातार प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है कि वे लोगों के बीच जाकर एकजुटता का संदेश दें।

अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी पर साधा निशाना

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए अयोध्या में रामभक्तों और कारसेवकों पर गोली चलाए जाने की घटना का जिक्र किया। उन्होंने 30 अक्टूबर 1990 की तारीख को याद करते हुए कहा कि यह दिन बीजेपी और रामजन्मभूमि आंदोलन से जुड़े लोगों के लिए महत्वपूर्ण है। सीएम ने सवाल उठाया कि यदि उस समय आंदोलन से जुड़े कार्यकर्ताओं का मनोबल टूट गया होता तो क्या आज भव्य राम मंदिर का निर्माण संभव हो पाता?

अयोध्या के विकास को लेकर सपा-कांग्रेस पर हमला

सीएम योगी ने कहा कि राम मंदिर आंदोलन का विरोध करने वाली समाजवादी पार्टी आज अयोध्या के विकास की बात करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने अयोध्या के विकास में बाधाएं पैदा कीं। मुख्यमंत्री के इस बयान को आगामी चुनाव से पहले विपक्षी दलों पर राजनीतिक हमले के रूप में देखा जा रहा है।

728x90-Pension-Mission-Shakti-Digital

कांग्रेस पर गरीबों को वोट बैंक बनाने का आरोप

मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्ष 2014 से पहले देश में गरीबी, भ्रष्टाचार, असुरक्षा, अव्यवस्था और पहचान का संकट था। उनके मुताबिक, कांग्रेस ने गरीबों को केवल वोट बैंक के रूप में देखा। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की स्थिति बदली है और भारत दुनिया की शीर्ष पांच अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हुआ है।

केंद्र सरकार की योजनाओं का किया जिक्र

सीएम योगी ने कहा कि गरीबों को प्रधानमंत्री आवास योजना, शौचालय, उज्ज्वला गैस कनेक्शन, आयुष्मान कार्ड, जनधन खाते और मुफ्त राशन जैसी सुविधाओं का लाभ मिला है। उन्होंने इन योजनाओं को सरकार की उपलब्धियां बताते हुए कार्यकर्ताओं से कहा कि वे जनता को इनके बारे में विस्तार से जानकारी दें।

भर्ती प्रक्रिया को लेकर पूर्ववर्ती सरकार पर निशाना

मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी की पिछली सरकार पर भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार और माफिया को संरक्षण देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि उस समय सैफई सिंडिकेट और चाचा-भतीजे की वसूली व्यवस्था हावी थी। योग्य उम्मीदवारों को नौकरी नहीं मिल पाती थी और कई भर्तियां न्यायालय में अटक जाती थीं। इसके विपरीत उन्होंने मौजूदा व्यवस्था में योग्यता और मेहनत को प्राथमिकता देने का दावा किया।

बूथ स्तर तक सरकार की उपलब्धियां पहुंचाने का निर्देश

सीएम योगी ने कार्यकर्ताओं से कहा कि सरकार के कामकाज और पिछली सरकारों के कार्यकाल की तुलना तथ्यों के साथ जनता के सामने रखी जाए। इसके लिए बैठक में उपलब्ध कराई गई पुस्तिकाओं का अध्ययन कर उन्हें बूथ स्तर तक पहुंचाने को कहा गया। उन्होंने सोशल मीडिया पर चल रहे नकारात्मक नैरेटिव का जवाब भी तथ्यों के आधार पर देने की अपील की।

SIR में छूटे मतदाताओं के नाम जुड़वाने पर जोर

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर मुख्यमंत्री ने व्यापक अभियान चलाने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची के विश्लेषण में ऐसे लोगों के नाम सामने आए हैं, जो विधानसभा की मतदाता सूची में शामिल नहीं हैं। इसके अलावा 18 से 19 वर्ष आयु वर्ग के करीब 4.5 लाख युवाओं के नाम भी सूची में शामिल कराए जाने चाहिए। मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से पात्र मतदाताओं के नाम जुड़वाने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।

2