Bareilly News: बरेली में फरीदपुर विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी के विधायक और रुहेलखंड विश्वविद्यालय के पूर्व प्रोफेसर डॉ. श्याम बिहारी लाल का शुक्रवार को आकस्मिक निधन हो गया। यह दुखद घटना उस समय हुई जब वह एक सरकारी बैठक में हिस्सा ले रहे थे।
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सर्किट हाउस की बैठक के दौरान पड़ा दिल का दौरा
शुक्रवार को बरेली के सर्किट हाउस में पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक चल रही थी। डॉ. श्याम बिहारी लाल इस बैठक में पूरी सक्रियता के साथ मौजूद थे। इसी दौरान अचानक उनके सीने में तेज दर्द हुआ और वह अचेत हो गए। वहां मौजूद सहयोगियों और अधिकारियों ने स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए उन्हें तत्काल मेडिसिटी हॉस्पिटल पहुंचाया।
चिकित्सकों के अथक प्रयासों के बावजूद नहीं बची जान
मेडिसिटी अस्पताल के डॉ. विमल भारद्वाज के अनुसार, जब विधायक जी को अस्पताल लाया गया, तब तक उनकी स्थिति काफी नाजुक हो चुकी थी। डॉक्टरों की टीम ने उन्हें बचाने के लिए ‘सीपीआर’ सहित सभी संभव चिकित्सकीय प्रयास किए। स्थिति में सुधार न होने पर उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर भी लिया गया, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। हृदय गति पूरी तरह रुक जाने के कारण चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
एक दिन पूर्व ही मनाया था 59वां जन्मदिन
विधायक डॉ. श्याम बिहारी लाल का जन्म 1 जनवरी 1966 को पड़ोसी जनपद शाहजहांपुर में हुआ था। विडंबना यह रही कि मात्र एक दिन पहले ही उन्होंने सगे-संबंधियों और समर्थकों के साथ अपना जन्मदिन मनाया था। किसी को इस बात का आभास भी नहीं था कि खुशियों का यह अवसर इतनी जल्दी मातम में बदल जाएगा। उनके निधन की खबर मिलते ही भाजपा नेताओं और समर्थकों का तांता उनके आवास और अस्पताल पर लग गया।
प्रोफेसर से विधायक तक का सफर और राजनैतिक उपलब्धियां
डॉ. श्याम बिहारी लाल न केवल एक राजनेता थे, बल्कि एक प्रखर विद्वान और उच्च शिक्षित व्यक्तित्व के धनी भी थे। राजनीति में आने से पहले वह रुहेलखंड विश्वविद्यालय में प्रोफेसर के पद पर कार्यरत थे। उनके राजनीतिक करियर पर नजर डालें तो:
- 2017 का चुनाव: उन्होंने पहली बार फरीदपुर (आरक्षित) सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा और शानदार जीत दर्ज की।
- 2022 की पुनरावृत्ति: क्षेत्र में अपनी लोकप्रियता और विकास कार्यों के दम पर उन्होंने 2022 में दोबारा जीत हासिल कर विधानसभा में फरीदपुर का प्रतिनिधित्व किया।
उनके निधन से उत्तर प्रदेश की राजनीति, विशेषकर बरेली क्षेत्र में एक अपूरणीय क्षति हुई है। मुख्यमंत्री सहित प्रदेश के कई दिग्गजों ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।










