Bastar Encounter Update: जंगल में नक्सली कैंप तबाह, भारी मात्रा में हथियार और विस्फोटक जब्त

खरियार रोड/रायपुर. ओडिशा के नुआपड़ा जिले के पाटदर्हा संरक्षित वन में जवानों ने एक माओवादी कैंप ध्वस्त कर हथियार, विस्फोटक और अन्य सामान बरामद किया है। एसपी अमृतपाल सिंह व सीआरपीएफ-19वीं बटालियन के कमाडेंट दिलीपमणि त्रिपाठी ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दोनों बलों के संयुक्त अभियान में यह सफलता मिली है। संयुक्त टीम की बम डिस्पोजल टीम बोडेन थानाक्षेत्र के पाटदर्हा संरक्षित वन के बारपट डोंगर के घने जंगलों और पहाड़ी इलाके में तलाशी पर निकली थी। इस दौरान जवानों ने माओवादियों द्वारा छिपाकर रखा हुआ सामान बरामद किया। अंदाजा लगाया जा रहा है कि यह एक पुराना

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Published On :

जुलाई 9, 2026

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खरियार रोड/रायपुर.

ओडिशा के नुआपड़ा जिले के पाटदर्हा संरक्षित वन में जवानों ने एक माओवादी कैंप ध्वस्त कर हथियार, विस्फोटक और अन्य सामान बरामद किया है। एसपी अमृतपाल सिंह व सीआरपीएफ-19वीं बटालियन के कमाडेंट दिलीपमणि त्रिपाठी ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दोनों बलों के संयुक्त अभियान में यह सफलता मिली है।

संयुक्त टीम की बम डिस्पोजल टीम बोडेन थानाक्षेत्र के पाटदर्हा संरक्षित वन के बारपट डोंगर के घने जंगलों और पहाड़ी इलाके में तलाशी पर निकली थी। इस दौरान जवानों ने माओवादियों द्वारा छिपाकर रखा हुआ सामान बरामद किया। अंदाजा लगाया जा रहा है कि यह एक पुराना कैंप रहा होगा।

एके-47 के कारतूस, दो देसी बंदूकें जब्त
जवानों ने कैंप से दो देसी बंदूक, एक देसी कार्बाइन और मैगजीन, एके-47 की 29 नग गोलियां, एसएलआर की 54 नग गोलियां, दो टिफिन बम, एक खाली टिफिन करियर, आठ नग जिलेटिन स्टिक, एक मल्टीमीटर, एक 12 वोल्ट की बैटरी, डेढ़ किलो बारूद, यूरिया, वायर, सोलर प्लेट, चार्जर, डेटोनेटर, माओवादी साहित्य, वर्दी, बर्तन, मेडिकल किट आदि सामान बरामद किए।

माओवादियों से मुक्त हुआ जिला
केंद्रीय गृह मंत्री ने 31 मार्च 2026 तक जिले को माओवाद से मुक्त करने का लक्ष्य तय किया था, जिसे पूरा किया जा चुका है। छिटपुट नेटवर्क को खत्म करने और डंप बरामद करने लगातार सर्च और एरिए डामिनेशन अभियान चलाए जा रहे हैं।

एरिया डोमिनेशन के जरिए डंप खोज रहे सुरक्षा बल
हाल के दिनों में छत्तीसगढ़ और ओडिशा के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा बलों ने आक्रामक रणनीति अपनाई है। इससे सफलता भी मिली है। 'एरिया डोमिनेशन' के जरिए दुर्गम इलाकों में प्रवेश कर माओवादियों के पुराने डंप खोजे जा रहे हैं। खुफिया सूचनाओं पर आधारित ये सटीक ऑपरेशन माओवादी विचारधारा के प्रभाव को तेजी से कम कर रहे हैं। विशेषकर गृह मंत्रालय के निर्धारित लक्ष्यों के तहत, सुरक्षा बलों का बेहतर समन्वय और अत्याधुनिक उपकरणों का उपयोग नक्सलियों के नेटवर्क को जड़ से खत्म करने में निर्णायक साबित हो रहा है।

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