Pawan Khera: असम विधानसभा चुनाव 2026 के अंतिम चरण के मतदान से पहले राजधानी दिल्ली में बड़ी राजनीतिक उथल-पुथल देखने को मिल रही है.मंगलवार की सुबह असम पुलिस की एक टीम ने दिल्ली स्थित कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा (Pawan Khera) के आवास पर छापेमारी की। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पुलिस की टीम खेड़ा से उनके हालिया बयानों और आरोपों के सिलसिले में पूछताछ कर रही है। यह कार्रवाई उस समय हुई है जब असम में चुनाव प्रचार अपने अंतिम पड़ाव पर है।
पवन खेड़ा के गंभीर आरोप और प्रेस कॉन्फ्रेंस
इस छापेमारी का सीधा संबंध उस प्रेस कॉन्फ्रेंस से जोड़ा जा रहा है, जिसे पवन खेड़ा ने रविवार को दिल्ली में संबोधित किया था। खेड़ा ने असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी, रिंकी भुइयां सरमा पर हमला बोलते हुए दावा किया था कि उनके पास तीन अलग-अलग देशों—मिस्र, एंटीगुआ-बरबूडा और संयुक्त अरब अमीरात (UAE)—के पासपोर्ट हैं। कांग्रेस नेता ने इन दस्तावेजों को लेकर भ्रष्टाचार और सुरक्षा संबंधी कई सवाल उठाए थे, जिसके बाद से असम और दिल्ली की राजनीति में गरमागरमी बढ़ गई थी।
मुख्यमंत्री का पलटवार
पवन खेड़ा के इन आरोपों पर मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी। मुख्यमंत्री ने इन सभी दावों को पूरी तरह आधारहीन और मनगढ़ंत करार देते हुए खारिज कर दिया। उन्होंने स्पष्ट रूप से चेतावनी दी थी कि वे इन झूठे आरोपों के खिलाफ 48 घंटों के भीतर पवन खेड़ा पर मानहानि का केस (Defamation Case) दर्ज करेंगे। असम पुलिस की वर्तमान कार्रवाई को इसी कानूनी प्रक्रिया और मुख्यमंत्री की शिकायत के हिस्से के रूप में देखा जा रहा है।
9 अप्रैल को अंतिम चरण की वोटिंग
यह छापेमारी ऐसे संवेदनशील समय पर हुई है जब असम में 9 अप्रैल को अंतिम चरण की वोटिंग होनी है। आज मंगलवार शाम 5 बजे से चुनाव आयोग द्वारा घोषित ‘साइलेंस पीरियड’ (निस्तब्धता अवधि) शुरू हो जाएगा, जिससे चुनावी प्रचार थम जाएगा। नियमानुसार, मतदान खत्म होने से 48 घंटे पहले किसी भी तरह का प्रचार प्रतिबंधित रहता है। विपक्ष का आरोप है कि चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता के खिलाफ यह कार्रवाई मतदाताओं को प्रभावित करने और आवाज दबाने की एक कोशिश है।










