Asian Games 2026: एशियन गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ी अपनी ऐडी-चोटी का जोर लगाते नजर आ रहे हैं। इसी बीच बुधवार को कंपाउंड तीरंदाजी के मिक्सड टीम इवेंट में साहिल जाधव और चिकिता तनीपार्थी की जोड़ी ने रोमांचक मुकाबले में दक्षिण कोरिया को मात देकर गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। मुकाबला इतना करीबी रहा कि विजेता का फैसला शूट-ऑफ से हुआ। इस जीत के साथ भारत ने प्रतियोगिता में अपना आठवां स्वर्ण पदक हासिल किया।
India Gold Medal: भारत की बेटियों का कमाल, चीन को हराकर गोल्ड के साथ
आखिरी शॉट तक चला मुकाबला
भारत और दक्षिण कोरिया के बीच फाइनल मुकाबले में शुरुआत से ही कड़ा संघर्ष देखने को मिला। शुरुआती दो सेट के बाद साहिल और चिकिता की जोड़ी ने 80-78 की बढ़त बना ली थी। हालांकि तीसरे सेट में दक्षिण कोरिया ने वापसी करते हुए अंतर कम कर दिया और भारतीय टीम की बढ़त केवल एक अंक की रह गई। तीन सेट के बाद भारत का स्कोर 118 और दक्षिण कोरिया का 117 था। ऐसे में चौथा सेट निर्णायक साबित होने वाला था। दक्षिण कोरियाई जोड़ी ने अंतिम सेट में शानदार निशानेबाजी करते हुए परफेक्ट 20 का स्कोर बनाया, जिससे भारतीय टीम पर दबाव बढ़ गया।
साहिल के आखिरी शॉट ने बदला पूरा खेल
मुकाबले के अंतिम क्षणों में स्थिति भारत के लिए मुश्किल हो गई थी। चिकिता ने अपने प्रयास में 9 अंक हासिल किए। इसके बाद भारतीय टीम की उम्मीदें साहिल के आखिरी शॉट पर टिक गईं। साहिल ने दबाव के बावजूद शानदार संयम दिखाया और आखिरी प्रयास में 10 अंक हासिल किए। इस शॉट के साथ भारत ने मुकाबले का स्कोर 157-157 से बराबर कर दिया। अब गोल्ड मेडल का फैसला शूट-ऑफ के जरिए होना था।
शूट-ऑफ में भारत ने मारी बाजी
शूट-ऑफ में दोनों टीमों को दो-दो शॉट लगाने थे। दोनों तरफ से पहला प्रयास 10 अंक का रहा। इसके बाद भी मुकाबला बेहद रोमांचक बना रहा। दक्षिण कोरिया के पुरुष तीरंदाज के आखिरी प्रयास पर नतीजा निर्भर था। अगर वह 10 अंक हासिल कर लेते, तो मुकाबला फिर बराबरी की स्थिति में जा सकता था। लेकिन दबाव के बीच उनका शॉट 9 अंक पर रुका। इसके साथ ही साहिल जाधव और चिकिता तनीपार्थी की भारतीय जोड़ी ने गोल्ड मेडल पक्का कर लिया। शूट-ऑफ में समान स्कोर की स्थिति में तीर के केंद्र से दूरी को निर्णायक माना जाता है। इसी नियम के तहत बेहद करीबी मुकाबले में भारत विजेता बना।
भारत के खाते में आठवां गोल्ड
साहिल और चिकिता की इस जीत से एशियन गेम्स 2026 में भारत के स्वर्ण पदकों की संख्या आठ हो गई। कंपाउंड तीरंदाजी में यह भारत का दूसरा गोल्ड भी है। इससे पहले भारतीय महिला कंपाउंड टीम ने भी स्वर्ण पदक जीता था। इस जीत के साथ साहिल और चिकिता ने 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक के लिए भारत का पहला कोटा भी हासिल किया है।
पदक तालिका में भारत की स्थिति
एशियन गेम्स में भारत की पदक संख्या भी लगातार बढ़ रही है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार इस जीत के बाद भारत के खाते में कुल 54 पदक हो गए, जिनमें 8 गोल्ड शामिल हैं। तीरंदाजी भारतीय दल के लिए इस प्रतियोगिता में लगातार अहम पदक स्रोत साबित हो रही है। साहिल और चिकिता की यह जीत इसलिए भी खास रही क्योंकि भारतीय जोड़ी मुकाबले के अंतिम चरण में दबाव में थी, लेकिन आखिरी शॉट और शूट-ऑफ में संयम बनाए रखते हुए उन्होंने गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया।










