नेपाल में फंसे हैं उत्तर प्रदेश के लोग? मदद के लिए तुरंत करें 1070 पर संपर्क

नेपाल में फंसे उत्तर प्रदेश के नागरिकों की मदद के लिए 1070 हेल्पलाइन जारी भारत-नेपाल दूतावासों से राहत आयुक्त कार्यालय ने किया संपर्क, हालात को लेकर योगी सरकार अलर्ट महाराजगंज-कुशीनगर में बढ़ी सतर्कता, सीमावर्ती जिलों में अलर्ट हुआ प्रशासन लखनऊ  नेपाल में आई भीषण बाढ़ और प्राकृतिक आपदा के बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने वहां फंसे प्रदेश के नागरिकों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर 1070 जारी कर दिया है। उत्तर प्रदेश राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक अगर कोई यूपी का नागरिक नेपाल में फंसा है या उसे किसी प्रकार की सहायता की आवश्यकता है, तो उसके परिजन तत्काल 1070

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Published On :

अगस्त 27, 2026

नेपाल में फंसे उत्तर प्रदेश के नागरिकों की मदद के लिए 1070 हेल्पलाइन जारी

भारत-नेपाल दूतावासों से राहत आयुक्त कार्यालय ने किया संपर्क, हालात को लेकर योगी सरकार अलर्ट

महाराजगंज-कुशीनगर में बढ़ी सतर्कता, सीमावर्ती जिलों में अलर्ट हुआ प्रशासन

लखनऊ
 नेपाल में आई भीषण बाढ़ और प्राकृतिक आपदा के बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने वहां फंसे प्रदेश के नागरिकों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर 1070 जारी कर दिया है। उत्तर प्रदेश राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक अगर कोई यूपी का नागरिक नेपाल में फंसा है या उसे किसी प्रकार की सहायता की आवश्यकता है, तो उसके परिजन तत्काल 1070 पर संपर्क कर सकते हैं। प्रदेश सरकार ने नागरिकों की सुरक्षित वापसी और उन्हें तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के लिए दूतावास स्तर पर भी संपर्क शुरू कर दिया है।

मुख्यमंत्री के निर्देश पर राहत आयुक्त कार्यालय ने भारतीय और नेपाल दूतावासों से संपर्क किया है। दोनों दूतावासों से कहा गया है कि नेपाल में फंसे उत्तर प्रदेश के नागरिकों की जानकारी मिलने पर उसे तत्काल यूपी के राहत आयुक्त कार्यालय के साथ साझा किया जाए। इससे संबंधित व्यक्ति तक जल्द से जल्द आवश्यक मदद पहुंचाई जा सकेगी। लोगों से अपील की है कि नेपाल में फंसे अपने परिजनों की सूचना बिना देरी किए हेल्पलाइन नंबर 1070 पर दें।

सीमावर्ती जिलों में बढ़ाई गई सतर्कता
नेपाल के रसुवा क्षेत्र में भोटेकोशी नदी में आई भीषण बाढ़ को देखते हुए यूपी के सीमावर्ती महाराजगंज और कुशीनगर में सतर्कता बढ़ा दी गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नेपाल में हुई क्षति को चिंताजनक बताते हुए दोनों जिलों के प्रशासन को जरूरी तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। गंडक और नारायणी नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखने को कहा गया है। मुख्यमंत्री ने सभी के सकुशल रहने की प्रार्थना की है।