छपरौली विधानसभा में किसकी बनेगी सरकार, RLD-BJP के बीच कांटे की टक्कर!
छपरौली विधानसभा सीट पर राष्ट्रीय लोक दल का मजबूत दबदबा रहा है। पार्टी ने 2012, 2017 और 2022 के चुनावों में लगातार जीत दर्ज की
2022 में रालोद के डॉ. अजय कुमार ने बीजेपी के सहेंद्र सिंह रामाला को 29,508 वोटों से हराया था
2017 में रालोद और बीजेपी के बीच कांटे की टक्कर हुई थी। रालोद ने महज 3,842 वोटों के अंतर से जीत हासिल की थी
छपरौली की राजनीति में जाट समुदाय और किसान मतदाताओं की अहम भूमिका मानी जाती है। यहां किसान हितों से जुड़े मुद्दे चुनावी समीकरण प्रभावित कर सकते हैं
गन्ना किसानों का भुगतान, फसलों का उचित मूल्य और आवारा पशुओं से होने वाला नुकसान क्षेत्र के प्रमुख मुद्दों में शामिल हैं
बिजली, सिंचाई, ग्रामीण सड़कों, जलभराव और यमुना के कटान जैसी समस्याएं भी मतदाताओं के फैसले को प्रभावित कर सकती हैं
2027 में रालोद, बीजेपी, सपा और बसपा की रणनीति अहम होगी। संभावित गठबंधन और प्रत्याशियों का चयन चुनावी मुकाबले की दिशा बदल सकता है
छपरौली में रालोद अपनी पुरानी पकड़ बरकरार रख पाएगी या बीजेपी चुनौती देगी, यह देखना दिलचस्प होगा। अंतिम फैसला जनता के समर्थन और स्थानीय मुद्दों पर निर्भर करेगा