मैनपुरी की करहल विधानसभा सीट को समाजवादी पार्टी (SP) का सबसे मजबूत और पारंपरिक गढ़ माना जाता है

सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने यहां से चुनाव लड़कर करीब 67 हजार वोटों के भारी अंतर से जीत दर्ज की थी

इस सीट पर 2024 के उपचुनाव में तेज प्रताप सिंह यादव ने जीत हासिल कर सपा का कब्जा बरकरार रखा

2022 की तुलना में 2024 के उपचुनाव में जीत का अंतर घटकर 14,801 वोट रह गया, जिससे मुकाबला पहले से अधिक करीबी हो गया

साल 2002 में बीजेपी यहां जीत दर्ज कर चुकी है, और पार्टी 2027 के चुनाव से पहले अपने वोट शेयर को बढ़ाने की जुगत में है

इस सीट पर यादव मतदाताओं की संख्या सबसे अधिक है, इसके साथ ही शाक्य, लोधी, ठाकुर, ब्राह्मण और एससी मतदाता भी चुनावी परिणाम तय करते हैं

करहल मुख्य रूप से कृषि प्रधान क्षेत्र है, जहां गेहूं, आलू, सरसों और धान की खेती स्थानीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ है

2024 के लोकसभा चुनाव में भी मैनपुरी सीट से डिंपल यादव को करहल विधानसभा क्षेत्र से भारी बढ़त मिली थी

आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव में सपा के सामने अपना वर्चस्व बचाने की चुनौती होगी, वहीं बीजेपी इस किले को भेदने की पूरी कोशिश करेगी